उत्तराखंड और हिमाचल में अभी होगी बारिश, बिहार-बंगाल में जारी रहेगा लू का कहर; जानें मौसम का हाल

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नई दिल्ली

 भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने शुक्रवार को राजस्थान के बीकानेर, जोधपुर, अजमेर, जयपुर और भरतपुर में आंधी और बारिश की भविष्यवाणी की है। शनिवार और रविवार को बारिश की संभावना और प्रबल होगी। ऐसी स्थिति पांच और छह जून तक बनी रह सकती है। 7 और 8 जून से तापमान में बढ़ोतरी होने की संभावना है। वहीं, जम्मू और कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के अलग-अलग स्थानों पर बारिश हुई है। इन राज्यों में आज भी बारिश के आसार बनते दिख रहे हैं।

दूसरी तरफ बिहार, पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 2-6 जून और महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ में 2-3 जून को लू चलने की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग ने कहा कि कोलकाता में इस सप्ताह 38-39 डिग्री सेल्सियस के बीच अधिकतम तापमान दर्ज किए जाने की संभावना है। जबकि पटना में पारा 42-43 डिग्री सेल्सियस तक जा सकता है।

दो जून को पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में वर्षा होने की संभावना है। इसके बाद इसमें कमी आ सकती है। आईएमडी ने आज उत्तराखंड में अलग-अलग स्थानों पर ओलावृष्टि की भविष्यवाणी की है। मौसम विभाग ने अगले 5 दिनों के दौरान केरल, लक्षद्वीप, तटीय और दक्षिण कर्नाटक में बारिश की भविष्यवाणी की है। इसके अलावा तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश में भी छिटपुट बारिश की भविष्यवाणी की है।

पांच जून के आसपास दक्षिण पूर्व अरब सागर के ऊपर एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र विकसित होने की संभावना है। इसके कारण 6 जून को उसी क्षेत्र में एक कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है।

केरल में मॉनसून
केरल के सात जिलों में येलो अलर्ट जारी किया गया है। दक्षिण पश्चिम मॉनसून की शुरुआत से पहले अगले पांच दिनों तक भारी बारिश की संभावना है। केरल में मॉनसून आमतौर पर एक जून को आता है, लेकिन आईएमडी ने थोड़ी देरी की भविष्यवाणी की है। इस साल 4 जून के आसपास आने की उम्मीद है। वहीं, आईएमडी ने कहा है, “अगले 24 घंटों के दौरान दक्षिण अरब सागर, मालदीव, बंगाल की खाड़ी के कुछ और हिस्सों में दक्षिण पश्चिम मॉनसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल हैं।”

ओडिशा में नॉरवेस्टर ने कहर बरपाया
ओडिशा के मल्कानगिरी जिले में गुरुवार शाम बारिश और गरज के साथ आई तेज हवाओं के कारण कम से कम दो लोग लापता हो गए और पांच अन्य घायल हो गए। करीब 15 मिनट तक चली तेज हवा ने जिले में तबाही के निशान छोड़े हैं। सतीगुड़ा बांध जलाशय में तेज हवाओं के कारण नाव पलटने से एक मछुआरा और एक महिला लापता हो गई। हवाई पट्टी की निर्माणाधीन बाउंड्री वॉल का हिस्सा गिरने से पांच मजदूर घायल हो गए।

राजस्थान में मई में सबसे ज्यादा बारिश
भारत मौसम विज्ञान विभाग ने कहा कि राजस्थान में इस बार मई में 62.4 मिमी बारिश हुई, जो पिछले 100 वर्षों में इस महीने की सबसे अधिक बारिश है। इससे पहले मई 1917 में राजस्थान में 71.9 मिमी बारिश दर्ज की गई थी। राज्य में आमतौर पर मई में औसतन 13.6 मिमी बारिश होती है। लेकिन इस बार,कई पश्चिमी विक्षोभों के कारण कुल 62.4 मिमी बारिश हुई।

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