October 4, 2022

आइसक्रीम फैक्ट्री के गेट पर शव रख हंगामा, संचालक पर एफआईआर

मुजफ्फरपुर

मोतीपुर नगर परिषद के साढ़ा डंबर में अवैध आइसक्रीम फैक्ट्री में विस्फोट के दूसरे दिन भारी हंगामा हुआ। शुक्रवार दोपहर एक बजे पोस्टमार्टम से मोनू कुमार (17) का शव लाया गया। मुआवजे की मांग करते हुए शव को फैक्ट्री के गेट पर रख दिया। तनाव को देखते हुए कुछ घंटे बाद परिजन शव अपने घर ले गए। एफआईआर की कॉपी व आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए शव के दाह संस्कार नहीं करने पर अड़ गए। हादसे के 24 घंटे बाद शाम करीब पांच बजे पुलिस ने एफआईआर की कॉपी उपलब्ध करायी।

इसके बाद विधायक अरुण कुमार सिंह ने अपदा विभाग के अधिकारियों से बात की और मुआवजे का अश्वासन परिजनों को दिया। तब शाम करीब छह बजे परिजन शव को दाह संस्कार के लिए ले गए। परिजन पुलिस की कार्यशौली से काफी नाराज थे। परिजनों का आरोप था कि घटना के बाद बयान दर्ज करा दिया गया था, लेकिन पुलिस एफआईआर की या नहीं यह नहीं बता रही थी। लोगों को शक था कि आरोपितों को बचाया जा रहा है। दूसरी ओर गांव में पंचायत कर पीड़ित परिवार पर केस नहीं करने का दबाव बनाया जा रहा था।

इधर, थानाध्यक्ष मुकेश कुमार ने परिजनों के आरोप को निराधार बताया। कहा कि मृतक के भाई सोनू कुमार के बयान पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। आरोपित फैक्ट्री संचालक रूपनंदन राय व कृष्णा कुमार की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। हादसे में जख्मी संचालक के पुत्र अर्जुन कुमार का पुलिस अभिरक्षा में इलाज चल रहा है। हादसे में घायल अर्जुन व मिस्त्री राजू सहनी की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है। दोनों का शहर के एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है।

 फैक्ट्री संचालक व परिवार के लोग नामजद

आइसक्रीम फैक्ट्री हादसे में मृतक मोनू कुमार के भाई सोनू कुमार ने फैक्ट्री संचालक रूपनंदन राय, कृष्णा कुमार और अर्जुन कुमार के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। मामले में कहा कि तीनों आरोपित उनके साढ़ा डंबर स्थित घर पर आए और कहा कि आइसक्रीम फैक्ट्री का कंप्रेसर मशीन खराब हो गया है जिसे ठीक करने के लिए मिस्त्री आ रहा है। मोनू कुमार को मिस्त्री की मदद के लिए अपने साथ ले गया। वहां मेंटेनेंस के दौरान कंप्रेसर मशीन फट गया जिससे उसके भाई मोनू कुमार की मौत हो गई और मिस्त्री राजू सहनी व आरोपित अर्जुन राय घायल हो गए। थानाध्यक्ष ने बताया कि बयान के आधार पर केस दर्ज कर लिया गया है।

परिजन ने कहा नहीं आयी जांच टीम, सीओ ने कहा लौट आए

घटना की जांच को गठित पांच सदस्यीय टीम शुक्रवार को हादसे की जांच नहीं कर सकी। मृतक के परिजन व ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन की ओर से गठित टीम शुक्रवार को जांच के लिए आइसक्रीम फैक्ट्री में नहीं आयी। नहीं परिजनों से ही घटना को लेकर पूछताछ की। दूसरी ओर सीओ अरविंद कुमार अजित ने कहा कि जांच के लिए टीम घटनास्थल पर गई थी। मृतक मोनू के शव को परिजनों ने मुआवजे की मांग को लेकर आइसक्रीम फैक्ट्री के गेट पर रख दिया था जिस कारण टीम वापस लौट आई। शनिवार को टीम जांच करने जाएगी।

नप कार्यालय से दो सौ गज की दूरी पर चल रही थी अवैध फैक्ट्री

नगर परिषद कार्यालय से महज दो सौ गज की दूरी रिहायशी इलाके में अवैध रूप से चल रही आइसक्रीम फैक्ट्री की भनक न तो ईओ को लगी और नहीं सीओ को। उक्त घटनास्थल के सामने 20 फीट की दूरी पर दूसरी आइसक्रीम फैक्ट्री भी चल रही थी। हादसे के बाद संचालक बंद कर फरार हो गया। इस तरह नगर से लेकर ग्रामीण इलाकों में दर्जनभर आइसक्रीम के अलावा अवैध रूप से दर्जनों आरओ, प्लाइवुड फैक्ट्रियां बदस्तूर चल रही हैं। इससे नगर परिषद के साथ साथ जिला प्रशासन को राजस्व की हानि हो रही है।

 

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published.